चाइबासा। इंडिया गठबंधन की तरफ से चाइबासा में जेएमएम उम्मीदवार जोबा मांझी ने मंगलवार को नामांकन दाखिल किया। इस दौरान सीएम चंपाई सोरेन, कल्पना मुर्मू सोरेन और मंत्री दीपक बिरुआ सहित झामुमो विधायक मौजदू रहे। नामांकन दाखिल करने के बाद शहर के खुंटकटी मैदान में जनसभा हुई, जहां हजारों की संख्या में जेएमएम और कांग्रेस के समर्थक मौजूद थे। जोबा मांझी के नॉमिनेशन के बाद सीएम चंपाई सोरेन ने सभा को संबोधित किया। यहां उन्होंने कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव की तरह इस चुनाव में भी कोल्हान में बीजेपी का खाता खुलने नहीं देंगे। इस बार हम सभी 14 सीट जीतेंगे।
किस बात की गारंटी कर रही बीजेपी पता नहीं
सीएम चंपाई सोरेन ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि धूप होने के बावजूद एकता दिख रही है। इस बार के चुनाव को लेकर आज के जनसैलाब ने साबित कर दिया है कि पहले चरण के चुनाव में हमारी जीत पक्की होगी। हम लोगों ने पिछले विधानसभा में बीजेपी का कोल्हान में खाता नहीं खुलने दिया था। इस बार भी 14 सीट जीतेंगे। झारखंड के विकास के लिए हमलोगों ने बहुत कुछ किया। बीजेपी कभी आदिवासी हित में नहीं सोचती। मूलवासी का हित नहीं सोचती। दलित का हित नहीं सोचती। इनके पास मुद्दा नहीं है। 2014 से लेकर आज तक जुमलाबाजी कर रही है। इस बार भी गारंटी की जुमलाबाजी है। किस बात की गारंटी पता नहीं है। नये चुनाव में नया जुमला। झारखंड में बीजेपी ने जनता को धोखा किया। हमारी सरकार ने जंगल के सुदूरवर्ती इलाके में योजना दी। हर परिवार को लाभ दिया। 50 साल के बाद व्यक्ति को पेंशन दिया।
बीजेपी ने वनाधिकार कानून को शिथिल किया
सीएम चंपाई ने कहा कि यह कोल्हान की धरती है। सबसे बड़ा जंगल है इस एरिया में। बीजेपी ने वनाधिकार कानून को शिथिल किया। ग्राम प्रधान को नहीं मानती। हमने सालों से जल जंगल जमीन की लड़ाई लड़ी है। बीजेपी के सांसद से सावधान रहने की जरूरत है। डबल इंजन की सरकार में मनकी मुंडा को शिथिल किया। हमारी सरकार मनकी मुंडा छात्रवृत्ति दे रही है। खेल में पोटो हो के नाम से खेल मैदान बनाया।
बीजेपी ने ज्यादा समय तक शासन किया, लेकिन आदिवासी-मूलवासी का हित नहीं सोचा
सीएम ने आगे कहा कि हमने सरना धर्म कोड के लिए मान्यता मांगी, लेकिन केंद्र ने ध्यान नहीं दिया। पिछड़ों को 27 फीसदी आरक्षण बिल का कानून बनाया, लेकिन केंद्र ने अटका दिया। उनके पास कोई योजना नहीं है। झारखंड धनी है। खनिज है। आदिवासी मूलवासी बहुसंख्या में हैं। बीजेपी ने ज्यादा समय तक शासन किया, लेकिन आदिवासी मूलवासी का हित नहीं सोचा। जनजातीय भाषा का हित बीजेपी नहीं सोच सकती। हमने निजी कंपनी में 75 फीसदी आरक्षण दिया। बीजेपी महंगाई की बात नहीं करती। रोजगार की बात नहीं करती। 8 लाख आदिवासी का पीएम आवास सूची में नाम था, लेकिन उन्हें हटा दिया। 2022 से फंड देना बंद कर दिया। हमारी सरकार और पूर्व सीएम ने आबुआ आवास देने की घोषणा की। आज भीड़ देख के अंदाजा हो गया कि गठबंधन मजबूत है। बीजेपी नहीं तोड़ सकती इस चट्टानी एकता को। विश्वास है कि जैसे विधानसभा में बीजेपी को कोल्हान में एक भी सीट नहीं दिया। इस बार भी हम जी जीतेंगे। हम लोग मिल कर जोबा मांझी को जितायेंगे।