केंद्र ने 100 शीशियां मुहैया करायी, केंद्रीय मंत्री ने किया ट्विट
आजाद सिपाही संवाददाता
रांची। झारखंड को ब्लैक फंगस (म्यूकरमाइकोसिस) के मरीजों के इलाज के लिए केंद्र से दवा मिल गयी है। केंद्र ने एंफोटेरिसिन-बी नामक दवा की 23 हजार 680 शीशियां विभिन्न राज्यों को दिया है। इसमें से 100 शीशियां झारखंड को मिली है। केंद्रीय मंत्री सदानंद गौड़ा ने ट्विट कर यह जानकारी दी है। उन्होंने कहा है कि राज्यों में ब्लैक फंगस के मरीजों की समीक्षा के बाद सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को इस खास दवा का वितरण किया गया है।
झारखंड में 27 मामले, मली 100 शीशियां
गौड़ा के ट्विटर के अनुसार देश में ब्लैक फंगस के अबतक 8,848 मामले दर्ज किये गए हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए इस खास दवा का वितरण किया गया है। ट्विटर पर किस राज्य को कितनी दवा दी गयी है, इसकी पूरी सूची उन्होंने डाली है। मरीजों की संख्या को देखते हुये 75 फीसदी दवा आंध्र प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और तेलंगाना को दी गयी है। झारखंड में ब्लैक फंगस के केवल 27 मामले हैं। इसे देखते हुये 100 एंफोटेरिसिन-बी की शीशियां दी गयी हैं।
ब्लैक फंगस होने के कई कारण आ रहे सामने
ब्लैक फंगस होने के अलग-अलग कारण सामने आ रहे हैं। इनमें से कोरोना संक्रमित रोगियों को स्टेरॉयड देने, ब्लड शुगर अधिक होने आदि को मुख्य कारण माना जा रहा है। साथ ही इंडस्ट्रियल आॅक्सीजन का उपयोग करना भी एक कारण माना जा रहा है। इसे देखते हुये केंद्र सरकार ने सभी राज्यों को सचेत किया है। कोरोना के संक्रमित मरीजों और ठीक होने के बाद यानी पोस्ट कोविड ब्लैक फंगस की बीमारी पर नजर रखने की सलाह दी गयी है।
किन राज्यों को कितना मिला:
केंद्रीय मंत्री के ट्विट के अनुसार बिहार को अब तक ब्लैक फंगस के 56 मरीज मिले हैं। इसे देखते हुये एंफोटेरिसिन-बी की 190 शिशियां दी गयी हैं। इसी तरह आंद्र प्रदेश में 910 मरीज हैं। वहां 2310 शीशियां दी गयी हैं। गुजरात में 2281 मरीज को देखते हुये 5800 शीशियां, कर्नाटक को 500 मरीज पर 1270, महाराष्ट्र को 2000 मरीज पर 5090 शीशियां दी गयी हैं। वहीं बंगाल में केवल एक मरीज मिला है। इसके बावजूजद 50 शीशियां दी गयी हैं। ओडिसा में 15 मरीज मिले हैं। वहां 50 शीशियां दी गयी हैं।