रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से जुड़े 8.46 एकड़ जमीन के फर्जीवाड़ा मामले में आरोपी जमीन कारोबारी शेखर प्रसाद महतो उर्फ शेखर कुशवाहा की जमानत याचिका पर सुनवाई झारखंड हाइकोर्ट में हुई। मामले में इडी ने जवाब दाखिल करने के लिए कोर्ट से समय की मांग की। हाइकोर्ट की एकल पीठ ने इडी को जवाब दाखिल करने का निर्देश देते हुए अगली सुनवाई 3 जनवरी 2025 निर्धारित की है। बता दें कि फर्जी दस्तावेज बनाने के मास्टर माइंड मोहम्मद सद्दाम हुसैन से पूछताछ के आधार पर इडी ने जेएमएम नेता अंतु तिर्की, जमीन कारोबारी बिपिन सिंह समेत 9 लोगों के ठिकाने पर छापामारी की थी। मामले में अबतक पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, भानु प्रताप प्रसाद, शेखर कुशवाहा समेत 10 को चार्जशिटेट आरोपी बनाया गया है। दरअसल, जमीन घोटाला मामले में शेखर कुशवाहा के ठिकाने पर इडी दो बार 22 अप्रैल 2023 एवं 16 अप्रैल 2024 को छापेमारी कर चुकी है। बाद में संतोष जनक जवाब नहीं मिलने पर उसे गिरफ्तार किया गया था। शेखर कुशवाहा बड़गांई अंचल की एक जमीन की खरीद बिक्री में शामिल हैं। शेखर कुशवाहा ने अपने सहयोगी प्रियरंजन सहाय, सद्दाम हुसैन, विपिन सिंह, इरशाद अंसारी, अफसर अली के साथ मिलकर राजस्व कर्मी भानु प्रताप प्रसाद की मिलीभगत से वर्ष 1971 की फर्जी सेल डीड तैयार की थी। कोलकाता के रजिस्ट्री कार्यालय में रखे मूल दस्तावेज से छेड़छाड़ कर इस सेल डीड को तैयार किया गया था। 4.83 एकड़ जमीन एक भोक्ता परिवार की है, जिसका नाम बदलकर दूसरे के नाम से सामान्य प्रकृति का जमीन बनाया गया था। इसके बाद 22.61 करोड़ की जमीन को 100 करोड़ रुपये में बेचने की तैयारी थी।

Share.

Comments are closed.

Exit mobile version