नयी दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी के पार्टी अध्यक्ष पद के लिए नामांकन पत्र दाखिल करने पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आज कहा कि यह सोनिया गांधी की उस चिंता का परिचायक है कि गुजरात एवं हिमाचल प्रदेश की हार के पहले उनका पुत्र किसी तरह से पार्टी अध्यक्ष बन जाए।
भाजपा के प्रवक्ता जी वी एल नरसिंह राव ने यहां कहा कि गुजरात एवं हिमाचल प्रदेश के चुनाव के परिणाम आने के पहले कांग्रेस श्री गांधी की पदोन्नति की जल्दी में है क्योंकि चुनाव में पराजित व्यक्ति को अलंकृत करने का कोई आैचित्य नहीं रह जाएगा।
गांधी ने आज पूर्वाह्न 24 अकबर रोड स्थित कांग्रेस मुख्यालय में पार्टी अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल किया। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, वरिष्ठ नेता ऑस्कर फर्नान्डीज़, सुशील कुमार शिन्दे, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दारामैया, पार्टी नेता आनंद शर्मा तथा ज्योतिरादित्य सिंधिया प्रस्तावक के तौर पर मौजूद थे। बताया जाता है कि गांधी के पक्ष में 90 से ज्यादा नामांकन पत्र दाखिल किए जा सकते हैं। इससे पहले दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित, पार्टी कोषाध्यक्ष मोतीलाल वोरा, महासचिव अशोक गहलोत, पुड्डुचेरी के मुख्यमंत्री वी नारायणसामी तथा वरिष्ठ नेता कमलनाथ ने गांधी की ओर से उनके नामांकन का एक सेट दाखिल किया।
नामांकन पत्र भरने की आज अंतिम तिथि है।
कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए कल नामांकन पत्रों की जांच होगी। चुनाव से नाम वापस लेने की अंतिम तिथि 11 दिसंबर है। आवश्यक होने पर अध्यक्ष पद का 16 दिसंबर को चुनाव निर्धारित है जबकि 19 दिसंबर को मतों की गिनती का काम और परिणाम की घोषणा की जाएगी।
कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए नामांकन भरने की प्रक्रिया एक दिसंबर को शुरु हुई थी लेकिन अब तक श्री गांधी के अलावा किसी अन्य नेता ने नामांकन पत्र दाखिल नहीं किया है। अगर श्री गांधी अकेले उम्मीदवार हुए तो 11 दिसंबर को उनके कांग्रेस अध्यक्ष निर्वाचित होने की औपचारिक घोषणा की जाएगी।