डीजीपी की समीक्षा बैठक के बाद कार्यवाही में तेजी
-शेष जिलों में जल्द भुगतान का आश्वासन, तकनीकी बाधाएं दूर
रांची। झारखंड में बहुचर्चित ट्रेजरी घोटाले के कारण बाधित हुए पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के वेतन भुगतान का रास्ता साफ होने लगा है। हाल ही में मुख्यालय सहित राज्य के कई जिलों में पुलिसकर्मियों के बैंक खातों में वेतन की राशि भेज दी गई है, जिससे लंबे समय से आर्थिक तंगी का सामना कर रहे जवानों को बड़ी राहत मिली है। विदित हो कि घोटाले के बाद उपजी तकनीकी और प्रशासनिक अड़चनों के कारण राज्य भर में पुलिस महकमे का वेतन रुक गया था, जिसका सीधा असर कर्मियों के दैनिक जीवन पर पड़ रहा था।
वेतन संकट की गंभीरता को देखते हुए पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ने पिछले दिनों एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की थी। इस बैठक में उन्होंने लंबित वेतन को प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द जारी करने के कड़े निर्देश दिए थे। डीजीपी के इस हस्तक्षेप के बाद वेतन वितरण की प्रक्रिया में तेजी आई और मुख्यालय समेत कई जिलों में भुगतान सुनिश्चित किया गया। हालांकि, जमीनी स्तर पर अभी भी पूर्ण राहत नहीं मिल पाई है, क्योंकि राज्य के कुछ जिलों में पुलिस अधिकारी और कर्मी अब भी अपने वेतन का इंतजार कर रहे हैं। वर्तमान स्थिति यह है कि जिन जिलों में अभी तक भुगतान नहीं हुआ है, वहां प्रक्रिया अंतिम चरण में बताई जा रही है।
संबंधित जिलों के पुलिसकर्मी अपनी गाढ़ी कमाई के खाते में आने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। इस बीच पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि वेतन भुगतान में हो रही देरी को दूर करने के लिए तकनीकी बाधाओं को सुलझा लिया गया है। मुख्यालय की ओर से यह आश्वासन दिया गया है कि शेष बचे जिलों में भी अगले कुछ दिनों के भीतर वेतन का भुगतान कर दिया जाएगा, ताकि किसी भी पुलिसकर्मी को आगे और परेशानी न झेलनी पड़े।


